नई दिल्ली: कई दशकों से देश की नमकीन और मिठाई इंडस्ट्री पर राज कर रही कंपनी हल्दीराम में स्टेक खरीदने के लिए कई प्राइवेट इक्विटी कंपनियों में होड़ मची है। इनमें दुनिया की सबसे बड़ी प्राइवेट इक्विटी कंपनी ब्लैकस्टोन इंक (Blackstone Inc), टेमासेक होल्डिंग्स लिमिटेड (Temasek Holdings Ltd) और बेन कैपिटल (Bain Capital) शामिल हैं। बिजनस अखबार मिंट की एक रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से यह दावा किया गया है। निवेशक हल्दीराम स्नैक्स फूड प्राइवेट लिमिटेड (HSFPL) में कम से कम 51 फीसदी हिस्सेदारी खरीदना चाहते हैं। यह खरीदारी आठ से 10 अरब डॉलर की वैल्यूएशन पर हो सकती है। माना जा रहा है कि यह कंज्यूमर सेगमेंट में सबसे बड़ी डील में से एक हो सकती है।
किससे है मुकाबला
रिसर्च फर्म IMARC ग्रुप की एक रिपोर्ट के मुताबिक भारत का स्नैक्स बाजार 2023 में 42,694 करोड़ रुपये का था और 2032 तक इसके 95,521 करोड़ रुपये पहुंचने का अनुमान है। भारत के स्नैक्स और नमकीन मार्केट में हल्दीराम का मुख्य मुकाबला बालाजी वैफर्स, बीकानेरवाला फूड्स, आईटीसी, पार्ले प्रॉडक्ट्स और पेप्सिको आदि से है। भारत के स्नैक फूड मार्केट में हल्दीराम की हिस्सेदारी 21% है जबकि पेप्सिको की हिस्सेदारी 15% है। इस मार्केट में करीब 3,000 छोटे और रीजनल प्लेयर्स की हिस्सेदारी 40% है। एक रिपोर्ट के मुताबिक हल्दीराम फूड्स इंटरनेशनल प्राइवेट लिमिटेड का रेवेन्यू फाइनेंशियल ईयर 2022 में 3,622 करोड़ रुपये था, जबकि हल्दीराम स्नैक्स प्राइवेट लिमिटेड का रेवेन्यू 5,248 करोड़ रुपये था। हल्दीराम की वैल्यूएशन वित्त वर्ष 2022 में उसके कारोबार की बिक्री के मुताबिक लगभग 83,000 करोड़ रुपये है।
